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Case Details

Court No. - 70 Neutral Citation No. - 2025:AHC:133370 Case :- CRIMINAL MISC. ANTICIPATORY BAIL APPLICATION U/S 482 BNSS No. - 11793 of 2024 Applicant :- Mahendra Kumar Katiyar Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Rajan Upadhyay,Sr. Advocate Counsel for Opposite Party :- Anurag Singh,G.A.,Saurabh Chaturvedi,Shivaji Singh Connected with Case :- CRIMINAL MISC. ANTICIPATORY BAIL APPLICATION U/S 482 BNSS No. - 11713 of 2024 Applicant :- Jyotishna Katiyar Opposite Party :- State of U.P. Counsel for Applicant :- Rajan Upadhyay,Sr. Advocate Counsel for Opposite Party :- Anurag Singh, Shivaji Singh,G.A. Hon'ble Dr. Gautam Chowdhary,J. 1. आवेदकगण की ओर से विव्ቛान वरिर्቗ अधि+व्ሹा ्ቦी रमेश उपाध्याय , व उनके सहयोगी अधि+व्ሹा ्ቦी राजन उपाध्याय, परिरवादी की ओर से विव्ቛान वरिर्቗ अधि+व्ሹा ्ቦी आई.के . चतुव=दी व उनके सहयोगी अधि+व्ሹा ्ቦी शिशवाजी िሺसह एवं नगर पंचायत की ओर से ्ቦी अनुराग िሺसह तथा राज्य की तरफ से विव्ቛान अपर महाधि+व्ሹा ्ቦी मनीष गोयल, शासकीय अधि+व्ሹा ्ቦी पतंजलिल विम्ቦा, अपर शासकीय अधि+व्ሹा ्ቦी चंदन िሺसह, राजें्ቖ िሺसह, कृ ष्णकान्त गु्቎ा, जय विकशन चौरसिसया एवं ताविहरा शबनम को सुना तथा प्ቔावली का गहन परिरशीलन विकया। 2. वतSमान दाቄኌUVक ्ቚकीणS अविXम जमानत ्ቚाथSना प्ቔ , आवेदकगण Mahendra Kumar Katiyar एवं Jyotishna Katiyar की ओर से मु०अ०सं० 373/2024, अन्तगSत +ारा 419, 420, 467, 468, 471, 120-बी. भारतीय दंV संविहता, थाना अकबरपुर, सिजला कानपुर देहात में अविXम जमानत की मॉग करते हुए इस ्ቚाथSना के साथ योसिजत विकया गया है विक विगरफ्तारी की ቄኌlथधित में आवेदकगण को जमानत पर रिरहा विकया जा सके । 3. सं्ቌेप में अशिभयोजन कथानक इस ्ቚकार है विक वादी मुकदमा ्ቚदीप कु मार पाUVेय, अधि+शाषी अधि+कारी, नगर पंचायत अकबरपुर की ओर से एक तहरीर थाना अकबरपुर, सिजला कानपुर देहात में इस आशय की दी गयी है विक सिजलाधि+कारी महोदय, कानपुर देहात के प्ቔ सं० 1122/एलबीसी-का०दे०/2024, विदनांक 08 अगlत, 2024 के ्ቛारा अवगत कराया है विक ्ቦी हरिरशंकर पु्ቔ बाबूलाल , विनवासी शंकर दयाल नगर, अकबरपुर, जनपद कानपुर देहात ्ቛारा ्ቚlतुत शिशकायती ्ቚाथSना- प्ቔ विदनांक 01-7-2024, जो नगर पंचायत अकबरपुर की सरकारी भूविम को भू- माविफयाओं ्ቛारा ्ቅय विव्ቅय करने एवं तालाब की भूविम पर अशिभलेखो में हेरा फे री करके कब्जा करने का विवषयक है, सिजसमें मुख्य रूप से शिशकायत की गयी है विक नगर पंचायत अकबरपुर में रूरा रोV के विनकट सरकारी भूविम आराजी नम्बर 127 विम० रकबा 0.492 हे0, 129 विम० रकबा 0.215 हे0, 123 रकबा 0.082 हे0, 129 रकबा 0.174 हे0 व 148 विम० ्ቌे्ቔफल 0.164 हे० पंजीकृ त कागजात हैं। लेविकन ज्योधितषना कविटयार और उनके पधित महें्ቖ कविटयार ने अपने ्ቚभाव का इlतेमाल करते हुए विबना खाता नंबर और आराजी नंबर विदखाए सरकारी जमीन बेच दी है। तालाब के अलावा भूविम आराजी नम्बर-41 रकबा-1.527 हे0 के आं शिशक भाग पर अपने ्ቚभाव का इlतेमाल करते हुये कागजों में हेरा -फे री कराकर बैनामा व दान प्ቔ के ्ቛारा तालाबी भूविम पर कब्जा विकये हुये हैं। उपरो्ሹ शिशकायती ्ቚाथSना प्ቔ की जाँच उपसिजलाधि+कारी, अकबरपुर जनपद कानपुर देहात से करायी गयी सिजसकी जाँच आख्या प्ቔ संख्या-369 विदनांक 22-7-2024 एवं प्ቔ संख्या-384 विदनांक 03- 08-2024 को ्ቚेविषत, में उ्ቤेख विकया गया है विक राजlव अशिभलेखों में Xाम अकबरपुर गाटा संख्या-127 विम० रकबा 0.492 हे0 ऊसर की ्ቦेणी में, 129 विम० रकबा 0.215 हे० उ्ቈर की ्ቦेणी में, 123 रकबा 0.0820 कोठी की ्ቦेणी में, गाटा संख्या-129 विम० रकबा 0.174 कोठी की ्ቦेणी में व 148 विम० रकबा 0.1640 कोठी की ्ቦेणी में दजS है। आवेदक ्ቛारा उपलब्+ कराये गये 20 विव्ቅय ्ቅय विवलेखों का अवलोकन विकया गया सिजससे lप्ቖ महेन््ቖ कविटयार ्ቛारा विबना गाटा संख्या अंविकत विकये 19 विव्ቅय विवलेख विनष्पाविदत विकये गये हैं तथा 1 ्ቦीमती ज्योधितषना कविटयार ्ቛारा विबना गाटा संख्या ्ቅय विकया गया है। गाटा संख्या 127 विम० तथा 129 विम० विमलजुमला नम्बर है सिजसमें राज्य सरकार व नगर पंचायत सह -खातेदार हैं सिजसका विवभाजन नहीं विकया गया है तथा मौके पर आबादी है। ्ቦी महेन््ቖ कविटयार की पत्नी नगर पंचायत की अध्य्ቌ भी रही हैं। सिजससे यह आशंका बलवती होती है विक सरकारी भूविम का बैनामा विबना गाटा नम्बर अंविकत विकया गया हो। विबना गाटा नम्बर के बैनामा विकया जाना अपरा+ की ्ቦेणी में आता है। ्ቚ्቞गत भूविम के महेन््ቖ कविटयार न तो मूल काश्तकार हैं और न ही आबादी/अकृ षक घोविषत की गयी भूविम है। इनके ्ቛारा विबना भूविम संख्या उ्ቤेलिखत विकये विव्ቅय विकये जाने का कारण सरकारी भूविम खुदS -बुदS विकये जाने का उ्ቌेश्य ्ቚमाशिणत होता है। विव्ቅे ता/्ቅे ता ्ቛारा विबना गाटा संख्या अविकत विकये भूविम का विव्ቅय-्ቅय करना सरकारी भूविम को खुद-बुदS करने की आख्या ्ቚlतुत की गयी है। जाँच में यह भी उ्ቤेख विकया गया है विक महेन््ቖ कविटयार व ज्योधितषना कविटयार 2 of 8 ्ቛारा उपरो्ሹ आराजी नम्बर के अधितरिर्ሹ गाटा संख्या 130, 131, 132, 133, 134, 135 में अनुसूधिचत जाधित के व्यवि्ሹयों से विबना अनुमधित के भूविम ्ቅय की गयी है जबविक ्ቅे ता अनुसूधिचत जाधित का नहीं है। महेन््ቖ कविटयार व ज्योधितषना कविटयार के प्ቌ में बैनामा लिलखने के पूवS कलेक्टर की कोई अनुमधित नहीं ली गयी है , सिजससे यह भूविम बैनामा की धितशिथ पर राजसात हो चुकी है। जबविक इन्हें बेचने का कोई अधि+कार नहीं है। उ्ሹ भूविम विमलीभगत से महेन्द कविटयार व ज्योधितषना कविटयार ्ቛारा ्ቅय - विव्ቅय विकया गया है। इस ्ቚकार उपरो्ሹ ्ቚकरण राज्य सरकार व नगर पंचायत की जमीनों का विव्ቅय/्ቅय विकया जाना ्ቚकाश में आया है। सिजलाधि+कारी कानपुर देहात के प्ቔ सं०-1122/एलबीसी-का० दे०/2024 विद० 08/08/2024 के माध्यम से ्ቚकरण को अत्यन्त गम्भीर मानते हुये सम्बቄኌन्+त के विवरु्ቍ ्ቚथम सूचना रिरपोटS दजS कराये जाने हेतु विनद=शिशत विकया गया है। 4.(क) आवेदकगण के विव्ቛान अधि+व्ሹा ्ቛारा तकS ्ቚlतुत विकया गया विक कशिथत घटना की धितशिथ विद० -22.09.2004 की बतायी गयी है, जबविक ्ቚथम सूचना रिरपोटS विदनांक-14.08.2024 को 20 वषS के उपरांत दजS करायी गयी है , विवलम्ब का समुधिचत lप्ቖीकरण नहीं विदया गया है। इस मामले में ्ቚासंविगक तथ्य यह है विक आवेदकगण ्ቛारा सरकारी भूविम/आरासिजयों के विकसी भी रकबे का ्ቅय-विव्ቅय नहीं विकया है और न ही वह काविबज है। आगे यह भी तकS ्ቚlतुत विकया गया विक विव्ቅे तागण ्ቛारा आवेदकगण को आराजी सं०-130, 131, 132, 133, 134, 135 ቄኌlथत Xाम अकबरपुर शहरी ्ቌे्ቔ, तहसील अकबरपुर, की आबादी का रकबा बताकर और सिजलाधि+कारी से पूवाSनुमधित की आवश्यकता न होने का भरोसा विदलाकर शिभ्ቐ -शिभ्ቐ धितशिथयों में आं शिशक रकबा विव्ቅय विकया है। आवेदकगण ्ቛारा ्ቅे तागण की बातों पर भरोसा कर बाजारी दर पर ्ቚधितफल अदा कर lटाम्प शुल्क अदा कर बैनामें कराये हैं। बैनामों की छाया ्ቚधित साथ में संल्ሿ की गयी है। विव्ቅे तागण ्ቛारा आवेदकगण को उ्ሹ भूविम विव्ቅय विकये जाने के बाद राज्य सरकार की ओर से संबंधि+त सिजतेन््ቖ िሺसह ्ቛारा उपसिजलाधि+कारी अकबरपुर में मुकदमा दजS कराया था , सिजसमें पारिरत आदेश के विवरू्ቍ विनगरानी आयु्ሹ कानपुर मUVल कानपुर न्यायालय में दालिखल की गयी , जो विदनांक-24.08.2016 को अपर आयु्ሹ कानपुर मUVल कानपुर ्ቛारा विनण(cid:144)त की जा चुकी है, सभी आरासिजयों पर आज तक विव्ቅे तागण का नाम सरकारी अशिभलेख में दजS है। सुसंगत तथ्य यह भी है विक आवेदकगण के ्ቛारा ्ቅय की गयी समपलि्ቈयाँ आराजी सं०-131 लगायत 135 आपस में विमली हुई है , सिजसको वह छोटे-छोटे प्लाट काटकर नक्शा तैयार कराकर अलग-अलग व्यवि्ሹयों को विव्ቅय प्ቔ में पहचान के लिलये तैयार नक्शे के अनुसार रूरा रोV के विकनारों की चौह्ቌी लिलखकर बैनामा विकया गया। ्ቅे तागण खरीदे गये प्लाटों पर मकान बनाकर विनवास कर रहे हैं और एसेसमेन्ट कर , गृहकर का भी भुगतान विकया जा रहा है। आवेदकगण ्ቛारा दlतावेजों में कू टरचना नहीं की गई है। पूवS में भी तालाब के रकबे पर कब्जा करने का आरोप लगाया गया था 3 of 8 सिजसकी जाँच रिरपोटS संल्ሿ की गयी है, सिजसके अनुसार कशिथत तालाबी रकबा मौके पर खाली है, उस पर कोई अवै+ कब्जा नहीं है। (ख) ्ቚासंविगक तथ्य यह भी है विक आवेदकगण ्ቛारा ्ቅय की गई सभी भूविम आवासीय उ्ቌेश्य के लिलए खरीदी गई थी, सिजसके लिलए आवेदकगण ्ቛारा भूखंVों को आवासीय मानते हुए उधिचत lटाम्प शुल्क का भुगतान विकया गया, सिजस पर सिजला मसिजlट्र आदेश के तहत, उप-मंVल मसिजlट्र 20.05.2016 को अपनी जांच रिरपोटS ्ቚlतुत की, सिजसमें उ्ቤेख विकया गया विक नगर ेट ने एक पूणS जांच की और विदनांक ेट के पंचायत की कोई भी भूविम आवेदकगण ्ቛारा विव्ቅय नहीं की गई और जो भूविम आवेदकगण के कब्जे में थी, वही उसके ्ቛारा पंजीकृ त विव्ቅय विवलेख ्ቛारा ्ቅय की गयी थी। इससे दቦኌशत हो रहा है विक आवेदकगण के लिखलाफ आरोविपत आ्ቌेप विमथ्या व आ+ारहीन थे। तद््ቅम में एक अन्य शिशकायतकताS सिजतें्ቖ िሺसह ने सिजला मसिजlट्र सम्ቌ एक अन्य शिशकायत भी ्ቚlतुत की , सिजसमें उप-मंVल मसिजlट्र 08.11.2016 को अपनी जाँच रिरपोटS ्ቚlतुत की थी , सिजसमें कहा गया विक ेट ने विदनांक ेट के आवेदकगण ्ቛारा संबंधि+त भूखंV पर कोई अधित्ቅमण नहीं विकया गया है। उपरो्ሹ तथ्यों से परिरलधि्ቌत हो रहा है विक आवेदकगण के ऊपर आ्ቌेविपत आरोप विनरा+ार और गलत हैं । (ग) आगे यह भी ्ቚlतुत विकया गया विक एक अन्य शिशकायतकताS हरिर शंकर ने सिजतें्ቖ िሺसह के साथ विमलकर शिशकायत भी की, सिजसे lथानीय संसद सदlय ्ቛारा मुख्यमं्ቔी के पास भेज विदया गया, सिजस पर अधितरिर्ሹ सिजला मसिजlट्र सिजन्होंने विदनांक 29.10.2020 को जांच रिरपोटS ्ቚlतुत की , सिजसमें कहा गया विक ेट ्ቛारा जांच की गई थी, आवेदकगण के कब्जे वाले भूखंVों को उसने पंजीकृ त विव्ቅय विवलेख के माध्यम से खरीदी थी और अधित्ቅमण का आरोप झूठा और गलत पाया गया। यह भी कहा गया विक चू ंविक विवचारा+ीन मामला पहले ही सब धिVविवजनल मसिजlट्र ेट ्ቛारा तय विकया जा चुका था, सिजसके लिखलाफ कविम्቞र के न्यायालय में दो पुनरी्ቌण दायर विकए गए थे , सिजन्हें खारिरज कर विदया गया था, इस ्ቚकार ्ቚशासविनक अधि+कारिरयों के लिलए इसमें ंजाइश नहीं थी तथा एक अन्य शिशकायतकताS हरिर शंकर ्ቛारा हlत्ቌेप करने की कोई गु की गई एक अन्य शिशकायत के संबं+ में, सिजला मसिजlट्र तहसीलदार और उप-मंVल मसिजlट्र गई, सिजसने अपनी जाँच रिरपोटS ्ቚlतुत की, विक इस मामले में पूवS में भी विवशिभ्ቐ जाँचें ेट की तीन सदlयीय सविमधित ्ቛारा जाँच कराई ेट ्ቛारा चकबंदी अधि+कारी, की जा चुकी हैं और यह lप्ቖ है विक आवेदकगण ने विकसी भी भूविम पर अधित्ቅमण नहीं विकया है और शिशकायतें गलत हैं। वतSमान वाद में विववेचना ्ቚचलिलत है तथा आरोपप्ቔ आज तक संबंधि+त विवचारण न्यायालय में दालिखल नहीं विकया गया है और न ही अंधितम रिरपोटS ्ቚlतुत की गई है। ्ቚ्቞गत वाद सिसविवल ्ቚकृ धित का है। (आवेदकगण ्ቛारा अपने पूवS के आपराधि+क इधितहास का वणSन शपथप्ቔ के ्ቚlतर सं०-31 में विकया गया है।) 4 of 8 5(क). परिरवादी के विव्ቛान अधि+व्ሹागण एवं राज्य की तरफ से उपቄኌlथत विव्ቛान शासकीय अधि+व्ሹा एवं अपर शासकीय अधि+व्ሹागण ्ቛारा यह तकS ्ቚlतुत विकया गया विक आवेदकगण ्ቛारा कारिरत अपरा+ गंभीर ्ቚकृ धित का है। आवेदकगण ्ቛारा सरकारी भूविम का बैनामा विबना गाटा/आराजी संख्या, विबना भौधितक ቄኌlथधित दशाSये विकया गया और तालाब की व नगर पंचायत की भूविम की हेराफे री करके कब्जा विकया गया तथा अनुसूधिचत जाधित के व्यवि्ሹ की भूविम को विबना संबंधि+त सिजलाधि+कारी की अनुमधित लिलए ्ቅय विकया, जो विवधि+-विवरु्ቍ है, और उसे व्यावसाधियक रूप से ्ቚयोग में लाकर विव्ቅय गया है। ्ቚ्቞गत मामले में वषS 2004 से 2010 तक बैनामा हुआ है। तत्समय अशिभयु्ሹा ज्योत्सना कविटयार नगर पंचायत, अकबरपुर की अध्य्ቌ थीं। बैनामों में गाटा नम्बर , आराजी नम्बर का उ्ቤेख नहीं विकया गया है, मा्ቔ ्ቌे्ቔफल का उ्ቤेख विकया गया है। ्ቚ्቞गत मामले में संबंधि+त एस०Vी०एम० के ्ቛारा भी विदनांक 12.09.2024 को अपनी रिरपोटS विबन्दुवार दी गयी है, जो विक के स Vायरी का भी विहlसा है, सिजसमें ्ቚथमदृ्ቖया +ोखा+ड़ी का मामला पाया गया है। (ख) चू ंविक ज्योत्सना कविटयार उस व्ሹ नगर पंचायत की अध्य्ቌ थीं तथा उसने अपने पद व शवि्ሹ का दुरुपयोग करते हुए विबना गाटा संख्या बताए 20 विव्ቅय-प्ቔ विनष्पाविदत करवा विदया। आवेदक ने 19 विव्ቅय-प्ቔ विनष्पाविदत विकए हैं तथा उसकी पत्नी (सह- अशिभयु्ሹा) ्ቦीमती ज्योधितष्ना कविटयार ने कु छ संपलि्ቈ ्ቅय की है तथा उ्ሹ विव्ቅय - प्ቔ में भी गाटा संख्या का खुलासा नहीं विकया गया है। (ग) विव्ቛान अपर शासकीय अधि+व्ሹागण ्ቛारा यह भी तकS ्ቚlतुत विकया गया विक अशिभयु्ሹगण ्ቛारा उपरो्ሹ आरासिजयों का बैनामा विबना नंबर व चौह्ቌी के विकया गया , सिजसकी परिरपुवि्ቖ अधि+शासी अधि+कारी , नगर पंचायत, कानपुर देहात ्ቛारा ्ቚभारी विनरी्ቌक कोतवाली, कोतवाली अकबरपुर को ्ቚेविषत आख्या/साቌኚय विदनांविकत 14.08.2024 के परिरशीलन से भी हो रही है, इससे परिरलधि्ቌत हो रहा है विक अशिभयु्ሹगण ्ቛारा सुविनयोसिजत तरीके से उपरो्ሹ अपरा+ कारिरत विकया गया है , सिजसकी ्ቚकृ धित गम्भीर है, इसलिलए आवेदकगण को अविXम जमानत पर मु्ሹ विकये जाने का कोई औधिचत्य नहीं है। अतः आवेदकगण का अविXम जमानत ्ቚाथSनाप्ቔ विनरlत कर विदया जाय। (घ) विव्ቛान अपर शासकीय अधि+व्ሹागण का पुनः कथन है विक वतSमान वाद में विववेचक ्ቛारा आरोप-प्ቔ विदनांविकत 06.03.2025 को संबंधि+त ्ቌे्ቔाधि+कारी के कायाSलय में विदनांक 15.07.2025 को पयSवे्ቌण हेतु ्ቚेविषत की जा चुकी है विकन्तु यह तथ्य lवीकार विकया गया विक अभी तक संबंधि+त न्यायालय में आरोप्ቔ दालिखल नहीं है। आवेदकगण ्ቛारा कारिरत अपरा+ गम्भीर ्ቚकृ धित का है, इसलिलए आवेदकगण को अविXम जमानत पर मु्ሹ विकये जाने का कोई औधिचत्य ्ቚतीत नहीं होता है। अतः आवेदकगण का अविXम जमानत आवेदन प्ቔ विनरlत विकया जाय। 5 of 8 6. उभयप्ቌ के तक(cid:154) एवं वतSमान मामले में अशिभयु्ሹगण /आवेदकगण के विवरु्ቍ आ्ቌेविपत गम्भीर आरोपों की परिरपुवि्ቖ अधि+शासी अधि+कारी, नगर पंचायत, कानपुर देहात ्ቚेविषत आख्या विदनांविकत 14.08.2024 के अनुसार हो रही है, जो विनम्नवत् हैः- 6 of 8 7. यह कहा जा सकता है विक Siddharam Satlingappa Mhetre v. State of Maharashtra, (2011) 1 SCC 694, के मामले में माननीय उ्ሴतम न्यायालय ने माना है विक अविXम जमानत पर विनणSय करते समय न्यायालय को आरोप की ्ቚकृ धित और गंभीरता, अशिभयु्ሹ का पूवSवृ्ቈ, अशिभयु्ሹ के न्याय से भागने की संभावना पर विवचार करना चाविहए तथा न्यायालय को अशिभयु्ሹ के विवरु्ቍ उपलब्+ संपूणS सामXी का साव+ानीपूवSक मूल्यांकन करना चाविहए तथा अशिभयु्ሹ की सटीक भूविमका को भी ध्यान में रखना चाविहए। 8. वतSमान मामले में अविXम जमानत संबं+ी विवधि+ के lथाविपत सिस्ቍांतों को ध्यान में रखते हुए और प्ቌकारों के विव्ቛान अधि+व्ሹाओं के कथनों , आरोपों की ्ቚकृ धित , आवेदकगण की भूविमका और मामले के सभी तथ्यों एवं परिरቄኌlथधितयों को ध्यान में रखते हुए, चू खुलासा न करना और विव्ቅय-प्ቔ में के वल भू-संपलि्ቈ का ्ቌे्ቔफल बताना अपने आप में विवधि+-अनुकू ल नहीं है। आवेदकगण ने अनुसूधिचत जाधित के सदlयों की गाटा संख्या 130, 131, 132, 133, 134 और 135 की भूविम, सिजलाधि+कारी की पूवS अनुमधित के ंविक यह उ्ቤेख करना ्ቚासंविगक है विक विव्ቅय -प्ቔ में गाटा संख्या का विबना खरीदी है और राज्य सरकार एवं नगर पंचायत की भूविम पर भी कब्जा -विव्ቅय विकया है, सिजसके संबं+ में उप-मंVल मसिजlट्र एक विवlतृत जांचोपरांत उप-मंVल मसिजlट्र ेट, अकबरपुर ने अपनी आख्या ्ቚlतुत की ेट, अकबरपुर, सिजला कानपुर देहात ्ቛारा 7 of 8 और आख्या के अनुसार सह-विहlसेदारों की सहमधित के विबना विव्ቅय -विवलेख विनष्पाविदत विकया गया, सिजसमें आवेदकगण की भूविमका lप्ቖ रूप से परिरलधि्ቌत हो रही है। अतः मामले के गुण-दोष पर विबना कोई विवचार व्य्ሹ विकए यह अविXम जमानत आवेदन प्ቔ lवीकार विकए जाने योग्य नहीं है, त्቎ुसार आवेदकगण का अविXम जमानत आवेदन प्ቔ अlवीकार विकया जाता है। 9. उपरो्ሹानुसार वाद के गुण-दोष पर विटप्पणी विकये बगैर यह अविXम जमानत ्ቚाथSनाप्ቔ विनरlत विकया जाता है। 10. कायाSलय को विनद=शिशत विकया जाता है विक इस आदेश की एक ्ቚधितलिलविप अविवलम्ब संबंधि+त विवचारण न्यायालय के भेजना सुविनधि⁄त करें। Order Date :- 6.8.2025 Pawan Kumar

Legal Reasoning

Digitally signed by :- PAWAN KUMAR High Court of Judicature at Allahabad 8 of 8

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