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Case Details

Neutral Citation No. - 2024:AHC:124715 Court No. - 74 Case :- APPLICATION U/S 482 No. - 10682 of 2024 Applicant :- Harendra Singh Alias Harvendra Singh Opposite Party :- State Of U.P. And 3 Others Counsel for Applicant :- Ashutosh Pandey,Pradeep Singh Counsel for Opposite Party :- G.A. Hon'ble Saurabh Shyam Shamshery,J. 1. Heard Sri Ashutosh Pandey, learned counsel for applicant and learned A.G.A. 2. In present application, by impugned order dated 20.10.2023, interim maintenance has been determined of Rs. 5000/-. 3. Learned counsel submits that applicant is getting Rs. 10 to 11 Thousand, as such, determination of Rs. 5,000/- as interim maintenance is on higher side.

Legal Reasoning

4. Learned counsel also submits that opposite party 2 has filed an application u/s 29 of Hindu Marriage Act during proceedings of application filed under Section 9 of said Act wherein he is also giving some amount and for reference, said order dated 28.07.2023 is quoted below -: “7. उभयपक्षककारकान ककी ओर ससे ददिए गए तकर र कसे मध्य नजर सरबरधधित दविधधि कक दविचकार मम लसेतसे हहए ममूल पतकाविलली मम सरलग्न ररपकरर ककाउन्सलर सदहत पतकाविलली कका गरभलीरतकापमूविरक पररशलीलन दकयका गयका। 8. पकारर्थीयका स्विलीकक त ततौर ससे अपकारर्थी ककी दविविकादहतका पत्नली हहै तरका अपकारर्थी दकारका हली पकाधररयका कसे दविरूद्ध धिकारका 9 दहन्दिमू दविविकाह अधधिदनयम कका हस्तगन पकरण पसेस दकयका गयका हहै। पकारर्थीयका दकारका अपकारर्थी कसे दविरूद्ध स्विलीकक त ततौर ससे दिहसेज पतकाडनका वि जलकानसे कका आरकप लगकातसे हहए फतौजदिकारली पकरण दिजर करकायका रका धजसमम पकारर्थीयका दकारका अपकारर्थी कसे पक्ष मम अन्तगरत धिकारका 164 दिण्ड पदक्रियका सरदहतका मम बयकान ददियसे गयसे वि उसमम एफ आर लगली एविर पकारर्थीयका दकारका उसमम पकरसेस्र दपरलीशन पसेस ककी जक खकाररज हहई तरका उसककी ररविलीजन भली खकाररज हक चचुककी हहै , यह तथ्य उभयपक्षक मम दविविकाददित नहहीं हहै। पकाधररयका नसे इस पक्रिम पर उक्त पककार अपनली जकान कका भय न्यकायकालय कसे समक्ष पकर दकयका हहै धजसकसे सरबरधि मम एविर उभयपक्षककारकान दकारका एक दिमूसरसे पर जक आरकप लगकायसे गयसे हहै उस सरबरधि मम मम ममूल पकरण मम पक्षककारकान ककी सकाक्ष्य आनसे कसे बकादि तय दकयका जकानका हहै चमू चूँदक इस पक्रिम पर पकारर्थीयका अपकारर्थी ककी स्विलीकक त ततौर पर दविविकादहतका पत्नली हहै तरका उनकसे मध्य उक्त पककार मचुकदिमसेबकाजली चलली हहै तरका वितरमकान मम पकारर्थीयका अपकारर्थी कसे पदत उक्त पककार भय पकर करतसे हहए पलीहर मम रह रहली हहै। इन सब कसे दृदष्टिगत पकारर्थीयका कसे विकादिककाललीन भरण पकषण कसे मकामलसे कक धसरसे ससे नहहीं नककारका जका सकतका हहै। उसकसे पकास उभयपक्षककारकान कका पचुत भली रह रहका तरका आय कका ककई सकत हक यह दकसली भली भकाचूँदत पकर नहहीं हकतका हहै जबदक अपकारर्थी रकाजस्रकान पर पररविहन दनगम मम पररविलीक्षकाधिलीन पररचकालक हहै धजसककी पतकाविलली पर उपलब्धि विसेतन सस्लप अनचुसकार उससे मई 2023 मम उसकका सकल विसेतन 14063/-रुपयसे वि शचुद्ध विसेतन 12738/- रुपयसे रहका हहै। उसकसे छकरसे भकाई कसे धलविर सकरकाइधसस ककी बलीमकारली कसे दिस्तकाविसेज भली उसकसे दकारका पतकाविलली पर पसेश दकयसे गयसे हहै तरका उसनसे अपनसे मकातका दपतका ककी धजम्मसेदिकारली स्विरय पर बतकायली हहै। पकारर्थीयका ककी ओर ससे पस्तचुत न्यकादयक 2016 दक्रिदमनल ललॉ जनरल पसेज 1052 (कलकतका उच्च न्यकायकालय) अरगशचुमकान चक्रिवितर्थी बनकाम अदपरतका बनजर्थी मम मकाननलीय कलकतका उच्च न्यकायकालय दकारका बसेरकजगकार एविर आयहलीन पदत ससे उसककी पत्नली कक 5 हजकार रुपयसे कसे स्रकान पर 4 हजकार रुपयसे अन्तररम भरण पकषण घरसेलमू दहरसका ससे मदहलकाओर कका सररक्षण अधधिदनयम 2005 ककी धिकारका 23 कसे तहत ददियसे जकानसे कसे आदिसेश दकयसे गयसे हहै दकन्तचु अपकारर्थी पर अपनसे विकद्ध मकातका दपतका ककी धजम्मसेदिकारली हहै धजस तथ्य ककी उपसेक्षका नहहीं ककी जका सकतली हहै। पकारर्थीयका फतसेहपचुर सलीकरली ककी रहनसे विकालली मदहलका हहै तरका उसकक इस मचुकदिमसे मम न्यकायकालय तक आनसे जकानसे एविर पकरण मम दविधधिक रकाय कसे धलए न्यकायदमत करनका पडका हहै। पकरण कसे उक्त समस्त तथ्यक एविर पररसस्रदतयक एविर उभयपक्षककारकान कसे जलीविन स्तर कक दिसेखतसे हहए पकारर्थीयका कक अपकारर्थी ससे 3000/- रूपयसे पदतमकाह विकादिककाललीन भरण पकषण रकादश, खचकार मचुकदिमका वि न्यकायदमत ककी फकीस 11 हजकार रूपयसे एविर 300/- रूपयसे पदत पसेशली आनसे जकानसे हसेतचु ददिलकायका जकानका दविधधिसरगत वि न्यकायसरगत हहै।” 5. Learned counsel further submits that it was brought into notice of Family Court regarding application u/s 9 of Hindu Marriage Act, however, it was not considered while passing impugned order. 6. I have perused the impugned order and found that impugned order is only an interim arrangement and Family Court still has to decide application filed u/s 125 Cr.P.C. finally on basis of rival submissions and documents. Relevant part of impugned order is also quoted below -: "अततः उपरकक्त कसे आधिकार पर यह तथ्य सकादबत हकतका हहै दक पकाधररयका /पकारर्थी सरख्यका.1 दविपक्षली ककी पत्नली हहै तरका पकारर्थी सरख्यका 2 दविपक्षली ककी पचुत हहै। पकाधररयका ऐसका ककई ककायर नहहीं कर रहली हहै। धजसससे विह अपनका वि अपनसे पचुत कका भरण पकषण सकसे । जबदक दविपक्षली रकाजस्रकान रकडविसेज मम कन्डसेक्रर हहै तरका दविपक्षली सक्षम वि सकामथ्यरविकान हहै। दविपक्षली कका यह सकामकाधजक दविधधिक वि नहैदतक दिकादयत्य हह दक विह अपनली वि पचुत कका अपनली सकामथ्यर कसे अनचुसकार भरण पकषण करसे। ऐसली सस्रदत मम मकाननलीय सविरच्च न्यकायकालय दकारका दविधधि व्यविस्रका रजनसेश बनकाम नसेहका वि अन्य , दकदमनल अपलील सरख्यका 730/2020 एसएलपली दकदमनल अपलील सरख्यका 9503/2018 मम पकाररत धसद्धकान्त कसे पररपसेक्ष्य मम दविपक्षली ककी पकासस्रदत तरका दविपक्षली कसे दकारका दकयसे जका रहसे ककायर एविर आय कक दृदष्टिगत रखतसे हहए पकाधररयका कक उसकसे तरका उसकसे पचुत कसे अरतररम भरण पकषण ककी बकावित धिनरकादश विकादि पस्तचुत करनसे कसे ददिनकारक ससे दविपक्षली ससे ददिलकायका जकानका न्यकायसरगत हहै। तदिनचुसकार उपरकक्त मकामलसे कसे तथ्य एविर पररसस्रदतयक कक दृदष्टिगत रखतसे हहए पकाधररयका कका पकाररनका पत ददिनकादकत 18.04. 2023 विकास्तसे अरतररम भरण पकषण आर दशम रूप ससे स्विलीककार दकए जकानसे यकग्य हहै। आदिसेश पकाधररयका अन्शमू रकानली दकारका पस्तचुत पकाररनका पत ददिनकारदकत 18.04.2023 विकास्तसे अरतररम भरण पकषण आर दशक रूपप् ससे स्विलीककार दकयका जकातका हहै। दविपक्षली कक आदिसेदशत दकयका जकातका हहै दक विह पकाधररयका / पकारर्थी सरख्यका . 1 कक उसकसे अरतररम भरण पकषण ककी बकावित मचु . 3000/. रूप्यसे पदतमकाह तरका पकारर्थी सख्यका. 2 मकास्रर नहैदतक कसे अरतररम भरण पकषण ककी बकावित मचु . 2,000/ रूप्यसे पदतमकाह पकारर्थी सरख्यका 2 कसे वियस्क हकनसे/विकादि कसे दनस्तकारण तक जक पहलसे हक कचु ल 23.12.2020 ससे विकादि कसे दनस्तकारण तक अदिका करसे। पत्यसेक मकाह ककी दिसेय धिनरकादश मकाह कक 4 तकारलीख तक अदिका ककी जकायसे। दविपक्षली कक यह भली आदिसेदशत दकयका जकातका हहै दक विह पकाररनकापत पस्तचुत करनसे कसे ददिनकारक ससे आज आदिसेश पकाररत हकनसे तक ककी समस्त अरतररम भरण पकषण ककी धिनरकादश एक मकाह कसे अन्दिर अदिका करसे।" 7. It is not in dispute that applicant is working as a Conductor in Rajasthan Roadways, therefore, aforesaid amount, at this stage, i.e. Rs. 5000/- is not on higher side even including amount paying in other application. 8. In aforesaid circumstances, at this stage, there is no ground to interfere, however, both parties are still at liberty to raise all contentions on law as well as on facts including salary as well as determination of final maintenance amount, therefore, this application is disposed of with a direction that trial Court will take endeavour to decide main application filed u/s 125 Cr.P.C. expeditiously, preferably within a period of 5 months, if there is no legal impediment. 9. Registrar (Compliance) to take steps. Order Date :- 2.8.2024 N. Sinha

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