✦ High Court of India

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Case Details

Neutral Citation No. - 2024:AHC:130812 Judgment Reserved on 5. 8.2024 Delivered on 13.8.2024 Court No. - 74 Case :- APPLICATION U/S 482 No. - 5144 of 2024 Applicant :- Ezaz Ahmad And Others Opposite Party :- State of U.P. and Another Counsel for Applicant :- Pranvesh,Vineet Pandey Counsel for Opposite Party :- Abhishek Tiwari,G.A. Hon'ble Saurabh Shyam Shamshery,J. 1. Heard Sri Agnivesh, learned counsel for applicants and Sri Abhishek Tiwari, learned counsel for the O.P. No.2. 2. In the present case, complainant is wife of applicant no.1, whereas other applicants are her close relatives. All the applicants have been summoned vide order dated 4.7.2022 passed under Section 204 Cr.P.C. to face trial under Section 406 I.P.C. 3. Learned counsel for applicants has vehemently urged that before filing of criminal complaint on 16.5.2019 alleging that on 17.2.2019, applicants refused to return her Stridhan, the complainant had earlier filed an F.I.R. disclosing said alleged occurrence as well as other alleged occurrence on 24.4.2019 against all present applicants and two other relatives for an offence under Sections 498-A, 323,354-A, 506, 377 I.P.C. ad 3/4 of D.P.Act. 2 4. Learned counsel further submits that in aforesaid F.I.R. after investigation, a charge-sheet was filed on 18.8.2019, only under sections 498-A, 323, 506 I.P.C. and 3/4 of D.P. Act, but no charge-sheet was filed under Section 406 of I.P.C. despite complainant has made allegations in regard to said offence i.e. criminal breach of trust also. He further submitted that a fact that charge-sheet has already been filed, was not disclosed in the statements of witnesses recorded subsequently in the present complaint case. He further submitted that present proceedings are nothing but to harass the applicants and since complainant has failed to brought evidence before Investigating Officer in regard to offence under Section 406 I.P.C., an alternative method was used, which is on the face of it is an abuse of process of law. The Revision Petition was also erroneously rejected by other impugned order dated 14.12.2023.

Legal Reasoning

5. Aforesaid submissions are vehemently opposed by learned counsel appearing on behalf of O.P. No.2 that there is no bar to file a separate complaint case on separate allegations arising out of same matrimonial dispute on which earlier an F.I.R. was lodged by the complainant. He refers contents of F.I.R. making allegations in regard to Section 406 I.P.C. but same was not mentioned though incidents were referred, as well as investigation was not conducted to consider , allegations in light of Section 406 I.P.C., whereas in present case on basis of statement of complainant recorded under Sections 200 and as well as of witnesses under Section 202 Cr.P.C., learned Magistrate has passed an order assigning reasons that there are sufficient ground to proceed against applicants. 6. The factum of organizing a Pachayat on 17.2.2019 wherein applicants have refused to return Stridhan to O.P. No.2 was mentioned in F.I.R. as well as in complaint also. 3 7. Heard learned counsel for parties and perused the records. 8. Before adverting to rival submissions, relevant part of summoning order, F.I.R. and Complaint are reproduced hereinafter: Impugned Summoning Order दि(cid:2)नांक - 04.07.2022 पत्रावली आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के आ(cid:2)ेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:16) पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के दिबन्(cid:2)ु प(cid:22) सुना गया एवं पत्रावली आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के का सम्यक परि(cid:22)शी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केलन दिकया गया। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के दिवद्वान अधि(cid:26)वक्ता के तक(cid:29) को तलबी के तलबी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के खिलये एक 100 ग्राम जिजसमे एक नै कि परिवादिनी की शादी कलेस झॉले (cid:2)ो तलबी के अगू दिनकाह दि(cid:2)नांक 26.02.2011 ँर्चक(cid:22) परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के सौंप (cid:2)ें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत कियागे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के शा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के ंठी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के टी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केका, दिAज कू ल(cid:22) वाशिंशग मशी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन व 8 परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के द्वा(cid:22)ा परि(cid:22)वा(cid:2)पत्र में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया उल्लेखि+त तथ्य संक्षेप में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया इस आशय का प्रस्तुत दिकया गया है कि परिवादिनी की शादी दिक परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी शा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के / को तलबी के एजाज अहम(cid:2) के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हुयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी शा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया उसके घ(cid:22)वालों ने तीस लाख रूपये खर्च ने ती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केस ला+ रूपये +र्च(cid:16) क(cid:22) व समस्त स्त्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:26)न दि(cid:2)या र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा. जिजसमें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया सो तलबी केने र्चाँ(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के गहने जिजसका वजन क(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केब 187.900 मट(cid:22) माला र्चै कि परिवादिनी की शादी न व घ(cid:22)ेलू उपयो तलबी केग का समस्त सामान जै कि परिवादिनी की शादी से टी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के.वी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के. ला+ रुपये स्कार्पिपयो तलबी के गाड़ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के वग(cid:16) गज का प्लॉट आदि(cid:2) बहुत सा की शादी मती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के सामान दिपता ने दिनकाह के बा(cid:2) दिब(cid:2)ाई के समय एजाज अहम(cid:2), दि(cid:2)या र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा जो तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के अययूब नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन, सा(cid:2)ाब, शादिहस्ता व स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह आदि(cid:2) को तलबी के इस आशय से दि(cid:2)या र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा वह दिपता ने क(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केब 30 ससु(cid:22)ाल पहु ला+ रूपये +र्च(cid:16) क(cid:22) परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के स्त्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:26)न दि(cid:2)या र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा, प(cid:22) दि(cid:2)ये गये (cid:2)ान (cid:2)हेज से परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के ससु(cid:22)ाल वाले एजाज अहम(cid:2), नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन सा(cid:2)ाब शादिहस्ता व स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह +ुश नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केे औ(cid:22) परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के से अधितरि(cid:22)क्त (cid:2)हेज में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया 10 ला+ रूपये की शादी मांग क(cid:22)ते र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केे औ(cid:22) उक्त मॉग को तलबी के लेक(cid:22) परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के का उत्पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केड़न क(cid:22)ने लगे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के ने 6 वर्ष पूर्व एक पुत्र इजियान को जन्म दिया किन्तु फिर भी परिवादिनी(cid:16) पूव(cid:16) एक पुत्र इजिजयान को तलबी के जन्म दि(cid:2)या दिकन्तु दिफ आदि को इस आशय से दिया था वह(cid:22) भी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के ससु(cid:22)ालवालों ने तीस लाख रूपये खर्च के अत्यार्चा(cid:22) परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प(cid:22) कम नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में हुए। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के एजाज अपने भाई व घ(cid:22)वालों ने तीस लाख रूपये खर्च से कहता र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा दिक जब तक वे अपने घ(cid:22) से (cid:2)हेज के 10 ला+ रूपये नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में लाती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी तब तक उसका को तलबी केई वास्ता नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में है कि परिवादिनी की शादी इसका जिजतना उत्पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केड़न क(cid:22)ना है कि परिवादिनी की शादी क(cid:22)ो तलबी के, उसके बा(cid:2) परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के ससु(cid:22)ालवाले परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प(cid:22) अत्यार्चा(cid:22) क(cid:22)ने लगे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के एजाज परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अप्राकृ धितक मै कि परिवादिनी की शादी र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केुन क(cid:22)ता र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा अपने भाई स(cid:2)ाब को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के कम(cid:22)े में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया भेजता जो तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के ब(cid:2)तमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केजी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के क(cid:22)ता र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के ससु(cid:22) अययूब +ा. परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के का (cid:2)ेव(cid:22) परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अभद्र व्यवहार करता और जब सारे घरवाले व्यवहा(cid:22) क(cid:22)ता औ(cid:22) जब सा(cid:22)े घ(cid:22)वाले परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के मा(cid:22)पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केट क(cid:22)ते तो तलबी के अय्यूब +ाँ उनसे कहता दिक उसके कपडे फ आदि को इस आशय से दिया था वहाडक(cid:22) उसकी शादी फ आदि को इस आशय से दिया था वहो तलबी केटो तलबी के +ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केर्चक(cid:22) उसके घ(cid:22)वालों ने तीस लाख रूपये खर्च को तलबी के भेजो तलबी के तो तलबी के उनको तलबी के पता र्चलेगा दिक उसकी शादी बेटी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी दिकतनी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के बेईज्जती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हो तलबी के (cid:22)ही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के तभी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के उसके (cid:2)हेज के 10 ला+ रुपये (cid:2)ें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत कियागे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के दि(cid:2)नांक 15.12.18 को तलबी के सा(cid:2)ाब ने परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के अके ला पाक(cid:22) परि(cid:22)वादि(cid:2)नों ने तीस लाख रूपये खर्च के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के बलात्का(cid:22) का प्रयास दिकया औ(cid:22) जब वह अपने मनसुबे में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया कामयाब नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में हुआ तो तलबी के उसने परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के मा(cid:22)पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केट की शादी औ(cid:22) परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के का गला (cid:2)बाक(cid:22) जान से मा(cid:22)ने का प्रयास दिकया जब परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के बेहो तलबी केश हो तलबी के गयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के तो तलबी के एजाज अहम(cid:2) अययूब +ॉ नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन सा(cid:2)ाब, शादिहस्ता व स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के मृत समझक(cid:22) गाडी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया डालक(cid:22) बुलन्(cid:2)शह(cid:22) ले आये परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के दिपता को तलबी के फ आदि को इस आशय से दिया था वहो तलबी केन दिकया दिक उसकी शादी बेटी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी तबी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केयत +(cid:22)ाब हो तलबी के गयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी औ(cid:22) उन्हें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया रि(cid:22)श्ते(cid:2)ा(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया जाना है कि परिवादिनी की शादी वह उसे ले जाये। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के 4 दिपता ड(cid:22) के का(cid:22)ण चुप रहे। दिनांक र्चुप (cid:22)हे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के दि(cid:2)नांक 17.02.2019 दिपता कालाआम र्चौ(cid:22)ाहे प(cid:22) परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के अस्पताल ले गये जहां प(cid:22) परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के हो तलबी केश में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया आने प(cid:22) अपने सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हुयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के घटना के बा(cid:22)े में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया अपने दिपता को तलबी के बताया। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के दिपता ने जब फ आदि को इस आशय से दिया था वहो तलबी केन प(cid:22) एजाज अहम(cid:2) के घ(cid:22)वालों ने तीस लाख रूपये खर्च से बात की शादी तो तलबी के उन लो तलबी केगों ने तीस लाख रूपये खर्च ने कहां दिक उस बा(cid:22)े में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया कही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के बताया रि(cid:22)पो तलबी केट(cid:16) की शादी तो तलबी के नाजिजश के बेटे को तलबी के जान से मा(cid:22) (cid:2)ें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत कियागे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के भी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के व उसके परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के घ(cid:22)वालों ने तीस लाख रूपये खर्च के नाते रि(cid:22)श्ते(cid:2)ा(cid:22)ों ने तीस लाख रूपये खर्च की शादी पंर्चायत बुलायी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के औ(cid:22) समझाने का प्रयास दिकया प(cid:22) ये लो तलबी केग दिबना (cid:2)हेज की शादी मांग पू(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हुए परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के (cid:22)+ने को तलबी के तै कि परिवादिनी की शादी या(cid:22) नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के व उसके दिपता ने मुल्जिXजमानो तलबी के से परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के का स्त्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:26)न मांगा तो तलबी के दिपता को तलबी के जान से मा(cid:22)ने की शादी उन लो तलबी केगो तलबी के ने (cid:2)ेने से इंका(cid:22) क(cid:22) दि(cid:2)या। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प(cid:22)वा(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के व उसके (cid:26)मकी शादी (cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के पधित के अन्य मदिहला से संबं(cid:26) है कि परिवादिनी की शादी परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के उसके बा(cid:2) र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केाना को तलबी केतवाली आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के नग(cid:22) गयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प(cid:22)न्तु उसकी शादी रि(cid:22)पो तलबी केट(cid:16) नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में खिल+ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के गयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के समस्त स्त्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:26)न व आभूर्ष पूर्व एक पुत्र इजियान को जन्म दिया किन्तु फिर भी परिवादिनीण चुप रहे। दिनांक आदि(cid:2) की शादी खिलस्ट प्रार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:16)नापत्र के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के संलग्न है। अतः है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अतः अभिभयुक्तगण चुप रहे। दिनांक को तलबी के तलब क(cid:22)ने की शादी यार्चना की शादी गयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के (cid:2)ं०प्र०संदिहता तर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा (cid:26)ा(cid:22)ा 202 अपने परि(cid:22)वा(cid:2) पत्र में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया उजिल्लखि+त तथ्यों ने तीस लाख रूपये खर्च के समर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:16)न में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के ने स्वयं को तलबी के अऩ्तग(cid:16)त (cid:26)ा(cid:22)ा 200 (cid:2)ं०प्र०सं० के अऩ्तग(cid:16)त साक्षी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के मौ० इस्लाम, इ(cid:22)शा(cid:2) एव अनव(cid:22) अली आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के सशपर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केधिक्षत क(cid:22)ाया गया है कि परिवादिनी की शादी अन्य को तलबी केई साक्ष्य परि(cid:22)वा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी ओ(cid:22) से प्रस्तुत नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में दिकया गया है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के सुना तर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा पत्रावली आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प(cid:22) उपलब्(cid:26) प्रपत्रो तलबी के का परि(cid:22)शी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केलन दिकया। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के 200 202 (cid:2)ं०प्र०सं० तर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा साक्षी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के बयान परि(cid:22)वा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के ने अपने बयान अऩ्तग(cid:16)त (cid:26)ा(cid:22)ा (cid:2)ं०प्र०सं० में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया दिवपक्षी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केगण चुप रहे। दिनांक द्वा(cid:22)ा परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के मा(cid:22)पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केट क(cid:22)ने (cid:2)हेज अन्तग(cid:16)त (cid:26)ा(cid:22)ा की शादी मांग क(cid:22)ने छेड़छाड क(cid:22)ने अप्राकृ धितक मै कि परिवादिनी की शादी र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केुन क(cid:22)ने व (cid:2)हेज की शादी मांग क(cid:22)ने व स्त्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:26)न मांगने प(cid:22) वापस न क(cid:22)ने का आ(cid:22)ो तलबी केप लगाया गया है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प(cid:22)न्तु परि(cid:22)वा(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के ने (cid:2)हेज दिवरूद्ध दर्ज एफ (cid:2)ज(cid:16) एफ आदि को इस आशय से दिया था वह की शादी मांग क(cid:22)ने के सम्बन्(cid:26) में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया अभिभयुक्तगण चुप रहे। दिनांक के आ(cid:22) (cid:2)ज(cid:16) की शादी गयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के - है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के ऐसे मे एक ही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अप(cid:22)ा(cid:26) के सम्बन्(cid:26) मे (cid:2)ो तलबी के (cid:2)ो तलबी के काय(cid:16)वाही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में की शादी जा सकती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के द्वा(cid:22)ा अभिभयुक्तगण चुप रहे। दिनांक का अपने सामान वापस दिकया गया है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के उप(cid:22)ो तलबी केक्त तथ्यों ने तीस लाख रूपये खर्च , दिवपक्षी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केगण चुप रहे। दिनांक एजाज अहम(cid:2) अययूब +ां तर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा साक्ष्यों ने तीस लाख रूपये खर्च के आलो तलबी केक में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया प्रर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केम दृष्टया 406 , शादिहस्ता नजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन भा(cid:22)ती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केय (cid:2)ंड संदिहता के अन्तग(cid:16)त (cid:2)ंडनी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केय अप(cid:22)ा(cid:26) में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया दिवर्चा(cid:22)ण चुप रहे। दिनांक हेतु तलब क(cid:22)ने के खिलये पया(cid:16)प्त आधार है आ(cid:26)ा(cid:22) है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह को तलबी के (cid:26)ा(cid:22)ा , सा(cid:2)ाब . . आई , आ(cid:2)ेश भा(cid:22)ती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केय (cid:2)ंड संदिहता के अ(cid:26)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन (cid:2)ण्डनी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केय अप(cid:22)ा(cid:26) के अय्यूब +ां, नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन, सा(cid:2)ाब, शादिहस्ता, अभिभयुक्त एजाज अहम(cid:2), दिवरूद्ध दर्ज एफ (cid:26)ा(cid:22)ा 406 दिवर्चा(cid:22)ण चुप रहे। दिनांक हेतु तलब दिकया जाता है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के आ(cid:2)ेभिशत दिकया जाता है कि परिवादिनी की शादी दिक वह गवाहान की शादी सूर्ची आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के व पै कि परिवादिनी की शादी (cid:22)वी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अन्(cid:2)(cid:22) सात दि(cid:2)न (cid:2)ाखि+ल क(cid:22)ें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के पत्रावली आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के वास्ते हाज(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के मुल्जिXजमान दि(cid:2)नांक 05.08.2022 स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह के को तलबी के पेश हो तलबी के। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के Relevant part of F.I.R. " स(cid:22)ाय(cid:26)ा(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के भूतेश्व(cid:22) मंदि(cid:2)(cid:22), शा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के कालो तलबी केनी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के 2526 प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया नाजी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केश प(cid:22)वी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन पुत्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के मु० इस्लाम पत्नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के एजाज अहम(cid:2) दिनवासी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के 144, बुलन्(cid:2)शह(cid:22) की शादी दिनवासी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया की शादी दिनवासी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के गुलजा(cid:22) ए पटेल नग(cid:22) नये बस अड्डे के पास गाजिजयाबा(cid:2) के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हुई र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के को तलबी के एजाज अहम(cid:2) पुत्र अय्यूब +ां दि(cid:2)नांक 26.02.2011 को तलबी केतवाली आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के नग(cid:22), 5 दिपता ने क(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केब 30,00,000/- नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन सास, शा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:2)ा के रूपये +र्च(cid:16) क(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के स्त्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:26)न दि(cid:2)या र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा प(cid:22) दि(cid:2)ये गये (cid:2)ान (cid:2)हेज से प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केयां के ससु(cid:22)ाल वाले एजाज अहम(cid:2), अय्यूब +ां, नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन, सा(cid:2)ाब, शादिहस्ता व स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह +ुश नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केे आ(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया अधितरि(cid:22)क्त (cid:2)हेज की शादी मांग क(cid:22)ते र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केे औ(cid:22) उक्त मांग को तलबी के लेक(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया का उत्पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केड़न क(cid:22)ने लगे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया ने इस बा(cid:22)े में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया दिपता को तलबी के बताया तो तलबी के उन्हों ने तीस लाख रूपये खर्चने कहा दिक बात नयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी (cid:26)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:22)े- (cid:26)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:22)े सब ठी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केक हो तलबी के जायेगा। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया भा(cid:22)ती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केय ना(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हो तलबी केने के का(cid:22)ण चुप रहे। दिनांक सब र्चुपर्चाप सहती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के (cid:22)ही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया ने 6 वर्ष पूर्व एक पुत्र इजियान को जन्म दिया किन्तु फिर भी परिवादिनी(cid:16) पूव(cid:16) एक पुत्र इजिजयान को तलबी के जन्म दि(cid:2)या, दिकन्तु दिफ आदि को इस आशय से दिया था वह(cid:22) भी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के ससु(cid:22)ाल वालों ने तीस लाख रूपये खर्च के अत्यार्चा(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया प(cid:22) कम नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में हुए। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के एजाज अपने भाई व घ(cid:22)वालों ने तीस लाख रूपये खर्च से कहता र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा दिक जब तक ये अपने घ(cid:22) से (cid:2)हेज के 10,00,000/- रूपये नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में लाती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी तब तक मे(cid:22)ा इससे को तलबी केई नाता नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में है कि परिवादिनी की शादी इसका जिजतना उत्पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केड़न क(cid:22)ना है कि परिवादिनी की शादी क(cid:22)ो तलबी के उसके बा(cid:2) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया प(cid:22) एजाज अहम(cid:2), सा(cid:2)ाब (cid:2)ेव(cid:22), पधित अय्यूब +ां ससु(cid:22), शाल्जिस्त व स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह नन(cid:2) तर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा (cid:2)ो तलबी केनों ने तीस लाख रूपये खर्च नन्(cid:2)ो तलबी केई के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया प(cid:22) अत्यार्चा(cid:22) बढ़ गये। एजाज गये। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के एजाज प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अप्रकृ धितक मै कि परिवादिनी की शादी र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केुन क(cid:22)ता र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अपने भाई सा(cid:2)ाब को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के कम(cid:22)े में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया भेजता जो तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के ब(cid:2)तमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केजी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के क(cid:22)ता र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया का (cid:2)ेव(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अभद्र व्यवहार करता और जब सारे घरवाले व्यवहा(cid:22) क(cid:22)ता। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के औ(cid:22) जब सा(cid:22)े घ(cid:22)वाले प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के मा(cid:22)पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केट क(cid:22)ते तो तलबी के अय्यूब +ां, उनसे कहता दिक इसके कपड़े फ आदि को इस आशय से दिया था वहाड़क(cid:22) उसके फ आदि को इस आशय से दिया था वहो तलबी केटो तलबी के +ीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में र्चक(cid:22) इसके घ(cid:22)वालों ने तीस लाख रूपये खर्च को तलबी के भेजो तलबी के तभी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के उनको तलबी के पता र्चलेगा दिक उनकी शादी बेटी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी दिकतनी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के बेईज्जती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हो तलबी के रूपये (cid:2)ें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत कियागे दि(cid:2)नांक 15.12.2018 को तलबी के (cid:22)ही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी तभी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हमा(cid:22)े (cid:2)हेज के 10,00,000/- सा(cid:2)ाब ने प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के अके ला पाक(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के बलात्का(cid:22) का प्रयास दिकया औ(cid:22) जब वह अपने मनसुबे में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया कामयाब नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में हुआ तो तलबी के उसने प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के मा(cid:22)पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केट की शादी औ(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के गला (cid:2)बाक(cid:22) जान से मा(cid:22)ने का प्रयास दिकया। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के जब प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया बेहो तलबी केश हो तलबी के गयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के तो तलबी के एजाज अहम(cid:2), शादिहस्ता व स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के म(cid:22)ा हुआ समझक(cid:22) गाड़ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया डालक(cid:22) बुलन्(cid:2)शह(cid:22) ले आये उन्हों ने तीस लाख रूपये खर्चने काला आम र्चौ(cid:22)ाहा से प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के दिपता को तलबी के फ आदि को इस आशय से दिया था वहो तलबी केन दिकया दिक तुम्हा(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के बेटी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी तदिबयत +(cid:22)ाब हो तलबी के गयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी हमें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया दिकसी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के रि(cid:22)श्ते(cid:2)ा(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया जाना है कि परिवादिनी की शादी तुम इसे ले जाओं। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के ये सुनते ही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के दिपता अपने दिमलने वालों ने तीस लाख रूपये खर्च के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के कालाआम र्चौ(cid:22)ाहे प(cid:22) पहु ंर्च गये औ(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के लेक(cid:22) अस्पताल गये जहां प(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया ने हो तलबी केश में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया आने प(cid:22) अपने सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हुई घटना के दिपता ने जब फ आदि को इस आशय से दिया था वहो तलबी केन क(cid:22) एजाज अहम(cid:2) के बा(cid:22)े में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया अपने दिपता को तलबी के बताया। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के घ(cid:22)वालों ने तीस लाख रूपये खर्च से बात की शादी तो तलबी के उन लो तलबी केगों ने तीस लाख रूपये खर्च ने कहा दिक इस बा(cid:22)ें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया कहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में बताया या रि(cid:22)पो तलबी केट(cid:16) की शादी दिपता ड(cid:22) के का(cid:22)ण चुप रहे। दिनांक तो तलबी के नाजिजश के बेटे को तलबी के जान से मा(cid:22) (cid:2)ेगे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया व प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के रि(cid:22)श्ते(cid:2)ा(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी र्चुप (cid:22)हे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के पंर्चायत बुलाई औ(cid:22) समझाने का प्रयास दिकया प(cid:22) वे लो तलबी केग दिबना (cid:2)हेज की शादी मांग पू(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हुए प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के ले जाने को तलबी के तै कि परिवादिनी की शादी या(cid:22) नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के पधित के अन्य मदिहला से संबं(cid:26) है कि परिवादिनी की शादी जिजनकी शादी जानका(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के उसके घ(cid:22)वालो तलबी के को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी औ(cid:22) उन्हो तलबी केने कहा दिक वह उससे शा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के क(cid:22)ना र्चाहता है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अतः श्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केमान जी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के से अनु(cid:22)ो तलबी के(cid:26) है कि परिवादिनी की शादी दिक उक्त घटना की शादी रि(cid:22)पो तलबी केट(cid:16) (cid:2)ज(cid:16) क(cid:22)के मुल्जिXजमान पधित एजाज अहम(cid:2) सास नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन, नन(cid:2) शादिहस्ता व स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह तर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा नन्(cid:2)ो तलबी केई, दिवरूद्ध दर्ज एफ कठो तलबी के(cid:22) कानूनी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के काय(cid:16)वाही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के क(cid:22)ने की शादी कृ पा क(cid:22)ें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के" अय्यूब +ां, नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन, सा(cid:2)ाब, को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के घ(cid:22)वालो तलबी के ने नाते ससु(cid:22) अययूब +ां, 17.02.2019 (cid:2)ेव(cid:22) सा(cid:2)ाब के दि(cid:2)नांक Relevant part of Complaint. यह दिक परि(cid:22)वा(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी शा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के/ "1- अहम(cid:2) पुत्र अय्यूब +ाँ दिनवासी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के गुलजा(cid:22) कालो तलबी केनी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के, 2526 के पास गाजिजयाबा(cid:2) (उ०प्र०) के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हुई र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के दिनकाह दि(cid:2)नांक 26.02.2011 ए पटेल नग(cid:22), को तलबी के एजाज नये बस अड्डे 6 (cid:2)ो तलबी के अंगूठी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के, टी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केका, यह दिक परि(cid:22)वा(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी शा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया घ(cid:22)वालो तलबी के ने ती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केस ला+ रूपये +र्च(cid:16) क(cid:22) व समस्त जिजसमें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया सो तलबी केने र्चां(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के गहने जिजसका वजन क(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केब 187.900 ग्राम र्चै कि परिवादिनी की शादी न व घ(cid:22)ेलू उपयो तलबी केग का ला+ रूपये वग(cid:16) गज का प्लाट आदि(cid:2) बहुत सा की शादी मती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के सामान दिपता ने दिनकाह के बा(cid:2) दिव(cid:2)ाई के समय एजाज अहम(cid:2), शादिहस्ता व स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह आदि(cid:2) को तलबी के इस आशय से दि(cid:2)या र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा दिक वह 2- स्त्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:26)न दि(cid:2)या र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा, जिजसमे एक नै कि परिवादिनी की शादी कलेस, झाले, समस्त सम(cid:22)ता सामान जै कि परिवादिनी की शादी से टी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के०वी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के०, दिAज, कू ल(cid:22), खिलए व एक 100 स्कार्पिपयो तलबी के गाडी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के दि(cid:2)या र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के जो तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के अयूब नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन सा(cid:2)ाब, ससु(cid:22)ाल पहुर्चक(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के सौप (cid:2)ें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत कियागे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के वाशिंशग मशी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन व 8 मट(cid:22) माला, यह दिक शा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के 3- स्त्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:26)न दि(cid:2)या र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा, ससु(cid:22) अयूब +ां, नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन, अधितरि(cid:22)क्त (cid:2)हेज में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया 10 का उत्पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केड़न क(cid:22)ने लगे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के दिपता ने क(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केब 30 ला+ रूपये +र्च(cid:16) क(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के प(cid:22) दि(cid:2)ये गये (cid:2)ान (cid:2)हेज से प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के ससु(cid:22)ाल वाले एजाज अहम(cid:2), सा(cid:2)ाब शादिहस्ता व स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह +ुश नही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केे औ(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया से ला+ रूपये की शादी मांग क(cid:22)ते र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केे औ(cid:22) उक्त मांग को तलबी के लेक(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया उसके बा(cid:2) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया प(cid:22) एजाज अहम(cid:2) पधित, यह दिक प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया ने इस बा(cid:22)े में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया दिपता को तलबी के बताया तो तलबी के उन्हो तलबी केने कहा दिक बात नयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के-नयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के 4- है कि परिवादिनी की शादी , (cid:26)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:22)े- (cid:26)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:22)े सब ठी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केक हो तलबी के जायेगा। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया भा(cid:22)ती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केय ना(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हो तलबी केने के का(cid:22)ण चुप रहे। दिनांक सब र्चुपर्चाप सहती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के (cid:22)ही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया ने 6 वर्ष पूर्व एक पुत्र इजियान को जन्म दिया किन्तु फिर भी परिवादिनी(cid:16) पूव(cid:16) एक पुत्र इजिजयान को तलबी के जन्म दि(cid:2)या दिकन्तु फ आदि को इस आशय से दिया था वहु (cid:22) भी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के ससु(cid:22)ाल वालों ने तीस लाख रूपये खर्च के अत्यार्चा(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया प(cid:22) कम नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में हुए। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के एजाज अपने भाई व घ(cid:22)वालो तलबी के से कहता र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा दिक जब तक ये अपने घ(cid:22) से (cid:2)हेज के 10 ला+ रूपये नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में लाती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी तब तक मे(cid:22)ा इससे को तलबी केई वास्ता नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में है कि परिवादिनी की शादी इसका जिजतना उत्पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केड़न क(cid:22)ना है कि परिवादिनी की शादी क(cid:22)ो तलबी के, नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन सास, सा(cid:2)ाब (cid:2)ेव(cid:22), शास्ती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के व स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह नन्(cid:2) तर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा (cid:2)ो तलबी केनो तलबी के नन्(cid:2)ो तलबी केई के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया प(cid:22) अत्यार्चा(cid:22) बढ़ गये। एजाज गये एजाज प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अप्रकृ धितक मै कि परिवादिनी की शादी र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केुन क(cid:22)ता र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अपने भाई सा(cid:2)ाब को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के कम(cid:22)े में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया भेजता जो तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के ब(cid:2)तमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केजी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के क(cid:22)ता र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया का (cid:2)ेव(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अभद्र व्यवहार करता और जब सारे घरवाले व्यवहा(cid:22) क(cid:22)ता औ(cid:22) जब सा(cid:22)े घ(cid:22)वाले प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के मा(cid:22)पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केट क(cid:22)ते तो तलबी के अय्यूब +ां उनसे कहता दिक इसके कपड़े फ आदि को इस आशय से दिया था वहाड़क(cid:22) इसके फ आदि को इस आशय से दिया था वहो तलबी केटो तलबी के +ीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में र्च क(cid:22) इसके घऱवालो तलबी के को तलबी के भेजो तलबी के तभी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के उनको तलबी के पता र्चलेगा दिक उनकी शादी बेटी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी दिकतनी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के बेईज्जती आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हो तलबी के (cid:22)ही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के तभी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हमा(cid:22)े (cid:2)हेज के 10 अय्यूब ससु(cid:22), ला+ रूपये (cid:2)ें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत कियागे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के अय्यूब +ां, नाजमी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केन, सा(cid:2)ाब, यह दिक दि(cid:2)नांक 15.12.2016 5- को तलबी के सा(cid:2)ाब ने प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के बलात्का(cid:22) का प्रयास दिकया औ(cid:22) जब वह अपने मनसूबे में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया कामयाब नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में हुआ तो तलबी के उसने प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के मा(cid:22)पी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केट की शादी औ(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के गला (cid:2)बाक(cid:22) जान से मा(cid:22)ने का प्रयास दिकया जब प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया बेहो तलबी केस हो तलबी के गया तो तलबी के एजाज अहम(cid:2), शादिहस्ता व स(cid:2)फ आदि को इस आशय से दिया था वह प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के म(cid:22)ा हुआ समझक(cid:22) गाडी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया डालक(cid:22) बुलन्(cid:2)शह(cid:22) ले आये उन्हो तलबी केने दिपता को तलबी के फ आदि को इस आशय से दिया था वहो तलबी केन दिकया दिक तुम्हा(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के बेटी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी तदिबयत काला आम र्चौ(cid:22)ाहा से प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के +(cid:22)ाब हो तलबी के गयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी हमे दिकसी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के रि(cid:22)स्ते(cid:2)ा(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के मे जाना है कि परिवादिनी की शादी तुम इसे ले जाओ। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के ये सुनते ही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के ंर्च गये औ(cid:22) दिपता अपने दिमले वालो तलबी के के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के कालाआम र्चौ(cid:22)ाहे प(cid:22) पहु प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के लेक(cid:22) अस्पताल गये जहां प(cid:22) प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया ने हो तलबी केश में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया आने प(cid:22) अपने सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हुई दिपता ने जब फ आदि को इस आशय से दिया था वहो तलबी केन क(cid:22) एजाज घटना के बा(cid:22)े में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया अपने दिपता को तलबी के बताया। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के अहम(cid:2) के घ(cid:22)वालो तलबी के से बात की शादी तो तलबी के उन लो तलबी केगो तलबी के ने कहा दिक इस बा(cid:22)े में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया कही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के बताया रि(cid:22)पो तलबी केट(cid:16) की शादी तो तलबी के नाजिजश के बेटे को तलबी के जान से मा(cid:22) (cid:2)ें उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत कियागे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया व प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के दिपता ड(cid:22) के का(cid:22)ण चुप रहे। दिनांक र्चुप (cid:22)हे। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के 7 यह दिक दि(cid:2)नांक 17.02.2019 6- को तलबी के भी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के घ(cid:22)वालो तलबी के ने नाते रि(cid:22)श्ते(cid:2)ा(cid:22)ो तलबी के की शादी पंर्चायत बुलाई औ(cid:22) समझाने का प्रयास दिकया प(cid:22) ये लो तलबी केग दिबना (cid:2)हेज की शादी मांग पू(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के हुए प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया को तलबी के (cid:22)+ने को तलबी के तै कि परिवादिनी की शादी या(cid:22) नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के जब प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया व उसके दिपता ने मुल्जिXजमानो तलबी के से प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया का स्त्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:26)न मांगा तो तलबी के उन लो तलबी केगो तलबी के ने (cid:2)ेने से इंका(cid:22) क(cid:22) दि(cid:2)या प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया व उसके दिपता को तलबी के जान से मा(cid:22)ने की शादी (cid:26)मकी शादी (cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया के पधित के अन्य मदिहला से संबं(cid:26) है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के जिजनकी शादी जानका(cid:22)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के उसके घ(cid:22)वालो तलबी के को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी औ(cid:22) उन्हो तलबी केने कहा दिक वह उससे शा(cid:2)ी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के क(cid:22)ना र्चाहता है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के 7- यह दिक प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया इसके बा(cid:2) र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केाना को तलबी केतवाली आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के नग(cid:22) गयी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के प(cid:22)न्तु र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केाने वालो तलबी के ने प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया की शादी रि(cid:22)पो तलबी केट(cid:16) (cid:2)ज(cid:16) नही आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के 8- यह दिक प्रार्थिर्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केया की शादी आज तक दिवपक्षी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के व दिवपक्षी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के घ(cid:22)वालो तलबी के ने को तलबी केई +ै कि परिवादिनी की शादी (cid:22) +ब(cid:22) नहीं थे और परिवादिनी से अतिरिक्त दहेज में ली आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के यह दिक परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के दिपता ने जो तलबी के स्त्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:26)न परि(cid:22)वादि(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के उपभो तलबी केग के 9- खिलए दि(cid:2)या र्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी केा वह उप(cid:22)ो तलबी केक्त लो तलबी केगो तलबी के के कब्जे में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया है कि परिवादिनी की शादी जिजसे उप(cid:22)ो तलबी केक्त लो तलबी केगो तलबी के द्वा(cid:22)ा +ु(cid:2)(cid:16) बु(cid:26)(cid:16) क(cid:22)ने का पू(cid:22)ा अन्(cid:2)ेशा है कि परिवादिनी की शादी औ(cid:22) यह अमानत में उल्लेखित तथ्य संक्षेप में इस आशय का प्रस्तुत किया +यानत है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के परि(cid:22)वा(cid:2)नी आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के के समस्त स्त्री आदेशार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:26)न व अाभूर्ष पूर्व एक पुत्र इजियान को जन्म दिया किन्तु फिर भी परिवादिनीण चुप रहे। दिनांक आदि(cid:2) की शादी खिलस्ट प्रार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के(cid:16)ना पत्र के सार्थ पेश हुई। परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के संलग्न है। अतः है कि परिवादिनी की शादी । परिवादिनी के विद्वान अधिवक्ता के तर्कों को तलबी के" 9. As referred above, complainant has filed an F.I.R. on 24.4.2019, wherein she has specifically stated that occurrence took place on 17.2.2019 that a meeting/Panchayat was called amongst family members of both parties, however, at this stage, allegations in regard to refusal to return back her Stridhan was not specifically stated, though, she could have stated the same therein. 10. Aforesaid circumstances, may be a reason as to why charge-sheet was not filed under Section 406 I.P.C. It is not under much dispute that even later on during trial on basis of testimony of parties, charges could be altered. However, it appears that complainant did not wait for trial to reach up to that stage, therefore, she subsequently filed a separate complaint. 11. As referred above, in complaint, the complainant has specifically stated about occurrence took place on 17.2.2019 that on the same day, applicants have refused to hand over her Stridhan, though she has not specifically stated in complaint that on similar circumstances, she has already filed an F.I.R. 8 12. I have carefully perused statements of complainant recorded under Section 200 Cr.P.C. as well of witnesses recorded under Section 202 Cr.P.C., wherein also factum of lodging of F.I.R. was not disclosed as well as that before their statements were recorded in year 2022, a charge-sheet was already filed. 13. In aforesaid circumstances, Court now further proceeds to consider as to whether present proceedings became abuse of process of law or not. 14. It is also not under much dispute that even on basis of same occurrence, a complaint case as well as case arising out of a police report could run simultaneously. 15. In the impugned order, learned Trial Court has taken note about earlier F.I.R. and that in present case allegations were considered only qua to Section 406 I.P.C., therefore, summoned all the applicants under aforesaid section only. 16. In aforesaid circumstances, Court is of considered opinion that present proceedings are not abuse of process of law though applicants could have waited during trial to raise their prayer for alteration of charges on basis of testimony led by adopting an independent procedure as provided under Section 216 Cr.P.C. but instead she opted to file a complaint, therefore, there was no legal error. 17. As referred above, learned Trial Court has taken note of factum of lodging of F.I.R., though it was not specifically stated by complainant and witnesses, therefore, this Court is of considered opinion that filing of complaint only for the offence under Section 406 I.P.C. itself would not be abuse of process of law. 9 18. Not much argument has been raised by learned counsel for applicants so far as merits of case is concerned i.e. as to whether by impugned order requisite reasons has been assigned that there are sufficient grounds to proceed against applicants or not. 19. I have considered impugned order in said light also and is of considered opinion that learned Trial Court has not only considered contents of complaint, statement of complainant and of witnesses recorded under Sections 200 and 202 Cr.P.C. respectively in correct perspective, but also has taken note of earlier F.I.R. lodged by complainant and thereafter summoned applicants only under Section 406 I.P.C., on basis of material available. Learned Trial Court has also assigned reasons in support of his order. Revisional Court has also taken a correct view 20. In aforesaid circumstances, I do not find any ground to interfere with impugned orders. 21. Application is accordingly, rejected. Order Date :-13.8.2024 SB

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