High Court
Case Details
Acts & Sections
Learned counsel for the revisionist submits that the impugned order has been passed by the lower court without considering the material evidence on record. It is further submitted that both the complainant and the injured (revisionist) have made specific allegations against opposite party no. 2, accusing them of causing injuries with a lathi. Learned AGA has opposed the revision and has submitted that enmity between the parties is admitted. It has been further pointed out that the alleged place of occurrence is 80–85 kilometers away from the institution where the accused, Sumit, was giving his practical examination on the same day. There is no evidence, apart from the statements of PW-1 and PW-2, to establish Sumit’s presence at the place of the incident. Given these circumstances, the alleged incident appears to be highly improbable, and hence, the charge sheet has been filed only against Manoj Kumar Pandey and not against Sumit. Perused the record. The relevant part of the order dated 09.10.2024 is extracted below:- " पततवलल कक अवललकन सक सपष हह कक वतदल दतरत तहरलर 4 क/3 कक आधतर पर यह ममकदमत मनलज कम मतर पतणडकय तथत समकमत कम मतर कक तहरलर दल गई हह कक कदनतपक 07-08-2017 डणडत व रतड सक मतरत-पलरत, लतठल, कवरद पपजलकक त करतयत हह। पथम ससचनत ररपलरर कक अनमसतर वतदल दतरत यह कल करलब शतम 6 बजक अकभयमकगण दतरत वतदल व उसकक कपतत कल अकभयमक मनलज कम मतर पतणडकय कक अकभयलजन दतरत ममकदमत वतदल सतकल पल०डबलस०-1 जजससक अकनल कम मतर पतणडकय व भरत लतल पतणडकय कल चलरट आयल। कवरद कदनतपक 16-05-2023 कल आरलप कवरकचत ककयत गयत और तथत वतदल कत कपतत पल०डबलस०-2 नयतयतलय मट परलककत करतयत गयत। नक अपनक बयतन मट कथन ककयत हह कक कदनतपक 07-08-2017 सतकल पल०डबलस०-1 मनलज कम मतर पतणडकय व समकमत पतणडकय नक रलककर पमरतनल रपजजश कक कतरण गतलल- करनक पर ललहक कक रतड, लतठल- तरह ममललजम सक पमरतनल रपजजश हह और वरर 2016 जलखतयत थत। घरनत सथल सक मकरक घर 500 समकमत नक मतरत थत। बजक अकभयमक कल छछ / गललज ककयत और मनत पलरत। इस सतकल नक जजरह मट भल यह कथन ककयत हह कक मकरल मट अकभयमक मनलज कक चचकरक भतई नक मकरक जखलतफ ममकदमत मल० दसरल पर हह। घरनत मट ममझक चलरट आयल थल। ममझक मनलज व डणडत सक मतरत- भरत लतल पतणडकय नक अपनक बयतन मट कथन ककयत हह कक घरनत कदनतपक 07-08-2017 सतकल पल०डबलस०-2 समय करलब 6 बजक शतम कक हह। उस समय मह अपनक खकत मट थत। मकरत बकरत अकनल कम मतर पतणडकय जल दसकतन पर सतमतन खरलदनक गयत थत, तब वहतह पर पहलक सक मलजसद पमरतनल रपजजश कल लककर मनलज कम मतर पतणडकय व समकमत कम मतर पतणडकय नक ममझक व मकरक बकरक कल रलक जलयत और गतलल-गललज ककयत तथत लतठल- डणडक व ललहल कक रतड रल गतरत-पलरत। जब वह वतपस आ रहत थत, कवपकलगण कक ओर सक आपजत करतक हहए यह तकर पसतमत ककयत गयत हह कक समकमत कम मतर सनन 2017 मट कक ०एन०आई०पल०एस०एस० समलततनपमर मट बल०एस०सल० एगलकलवर कत छतत थत तथत वहह पर कमरत ककरतयक पर लककर कनवतस करतत थत। कदनतपक 07-08-2017 कल बल०एस०सल० एगलकलचर कदतलय वरर कत पहलकरकल परलकत थल, जजसमट समकमत कम मतर शतकमल थत, कक सपबपध मट एगलकलचर फह कलरल नक पमतण पत जलखकर कदयत हह, जल पततवलल मट शतकमल हह। अतछ अकभयमक कत नतम वतदल दतरत रपजजशन जलखतयत गयत हह। कक वल गवतहह कक आधतर पर अकभयमक कल घरनत मट शतकमल नहह मतनत जत सकतत, जबकक जजरह मट ऐसत कलई कथन गवतह नक नहह ककयत हह कक घरनत सथल पर समकमत मलजसद रहत हल। कवरद पककरत ककयत हह और आरलप समकमत कक पततवलल कक अवललकन सक यह तथय सपष हलतत हह कक कववकचक दतरत बतद कववकचनत आरलप पत कक वल अकभयमक मनलज कम मतर पतणडकय कक कवरद नतमजदगल गलत पतयल गई हह। मसल पततवलल पर कवरलचक दतरत सपकजलत अकभलकख कवभतगतधयक कक कर सपकतय K.N.I.P.S.S. समलततनपमर कक आखयत सपलन हह, जजसमट कजथत आरलपल समकमत कम मतर पतणडकय कल बल०एस०सल० कक कर कत छतत हलनत दशतरयत गयत हह और उसकक उपलसथकत घरनत कदनतपक 07-08-2017 बजक तक सपसथत मट रहल हह और सपसथत कक दसरल जहतह पर आरलपल समकमत ककरतयक कक मकतन मट रहतत थत, 6 ककमल० हह। जबकक घरनत सथल सक समलततनपमर कक दसरल 80-85 ककमल० हलनत दकशरत ककयत गयत हह। इतनल दसरल कल घरनत सथल पर तय करकक पहह हचनत सपभव पतलत नहह हलतत हह। अतछ इससक यह सपष हलतत हह कक अकभयमक घरनत सथल पर घरनत कक समय उपलसथत नहह थत। आरलपल समकमत कम मतर कत नतम रपजजशन जलखतयत गयत पतलत हलतत हह, जहसत कक वतदल दतरत अपनक अकभकथनह मट रपजजशन मतमलत हलनत कहत गयत हह। कल 3 अतछ उभयपक कक तकर समननक तथत पततवलल पर उपलबध समपसणर सतकय कत अवललकन करनक कक उपरतनत नयतयतलय कत मत हह कक अकभयमक समकमत कल अनतगरत धतरत-319 ८०प०स० मट तलब ककयत जतनत ककसल भल पकतर सक नयतयलकचत पतलत नहह हलतत हह, ख अनतगरत धतरत-319 ८०प०सप० बलहलन हलनक कक कतरण कनरसत ककयक जतनक यलगय हह। तदनमसतर पतथरनत पत 38 आदकश अकभयलजन दतरत पसतमत पतथरनत पत 38 वतसतक शकर सतकय कदनतपक-17-10-2024 ख अनतगरत धतरत-319 कल पकश हल।" ८०प०सप० कनरसत ककयत जततत हह। वतद From perusal of the order, it is evident that on the date of the incident, accused Sumit was found attending an examination at KNIPSS, Sultanpur. The certificate issued by the institution’s faculty was duly considered by the lower court. During arguments, the revisionist did not dispute Sumit’s presence at the practical examination, however, the complainant alleges that after completing the examination at 3:00 pm, Sumit traveled to the place of the incident and committed the alleged offence. On due consideration to the submissions advanced as well as perusal of the record, so also the admitted case of the prosecution that there was enmity between the parties; presence of opposite party no. 2 at KNIPSS, Sultanpur is undisputed and distance from the place of occurrence and the institute i.e. KNIPSS, Sultanpur, I am of the view that the lower Court below has rightly opined that name of accused/opposite party no. 2 appears to have been dragged by the revisionist due to enmity and thus has passed the impugned order and rejected the application under Section 319 Cr.P.C. filed by the revisionist. I find no illegality in the impugned order. The revision is devoid of merits and is accordingly dismissed. Order Date :- 2.1.2025 R.C.
Learned counsel for the revisionist submits that the impugned order has been passed by the lower court without considering the material evidence on record. It is further submitted that both the complainant and the injured (revisionist) have made specific allegations against opposite party no. 2, accusing them of causing injuries with a lathi. Learned AGA has opposed the revision and has submitted that enmity between the parties is admitted. It has been further pointed out that the alleged place of occurrence is 80–85 kilometers away from the institution where the accused, Sumit, was giving his practical examination on the same day. There is no evidence, apart from the statements of PW-1 and PW-2, to establish Sumit’s presence at the place of the incident. Given these circumstances, the alleged incident appears to be highly improbable, and hence, the charge sheet has been filed only against Manoj Kumar Pandey and not against Sumit. Perused the record. The relevant part of the order dated 09.10.2024 is extracted below:- " पततवलल कक अवललकन सक सपष हह कक वतदल दतरत तहरलर 4 क/3 कक आधतर पर यह ममकदमत मनलज कम मतर पतणडकय तथत समकमत कम मतर कक तहरलर दल गई हह कक कदनतपक 07-08-2017 डणडत व रतड सक मतरत-पलरत, लतठल, कवरद पपजलकक त करतयत हह। पथम ससचनत ररपलरर कक अनमसतर वतदल दतरत यह कल करलब शतम 6 बजक अकभयमकगण दतरत वतदल व उसकक कपतत कल अकभयमक मनलज कम मतर पतणडकय कक अकभयलजन दतरत ममकदमत वतदल सतकल पल०डबलस०-1 जजससक अकनल कम मतर पतणडकय व भरत लतल पतणडकय कल चलरट आयल। कवरद कदनतपक 16-05-2023 कल आरलप कवरकचत ककयत गयत और तथत वतदल कत कपतत पल०डबलस०-2 नयतयतलय मट परलककत करतयत गयत। नक अपनक बयतन मट कथन ककयत हह कक कदनतपक 07-08-2017 सतकल पल०डबलस०-1 मनलज कम मतर पतणडकय व समकमत पतणडकय नक रलककर पमरतनल रपजजश कक कतरण गतलल- करनक पर ललहक कक रतड, लतठल- तरह ममललजम सक पमरतनल रपजजश हह और वरर 2016 जलखतयत थत। घरनत सथल सक मकरक घर 500 समकमत नक मतरत थत। बजक अकभयमक कल छछ / गललज ककयत और मनत पलरत। इस सतकल नक जजरह मट भल यह कथन ककयत हह कक मकरल मट अकभयमक मनलज कक चचकरक भतई नक मकरक जखलतफ ममकदमत मल० दसरल पर हह। घरनत मट ममझक चलरट आयल थल। ममझक मनलज व डणडत सक मतरत- भरत लतल पतणडकय नक अपनक बयतन मट कथन ककयत हह कक घरनत कदनतपक 07-08-2017 सतकल पल०डबलस०-2 समय करलब 6 बजक शतम कक हह। उस समय मह अपनक खकत मट थत। मकरत बकरत अकनल कम मतर पतणडकय जल दसकतन पर सतमतन खरलदनक गयत थत, तब वहतह पर पहलक सक मलजसद पमरतनल रपजजश कल लककर मनलज कम मतर पतणडकय व समकमत कम मतर पतणडकय नक ममझक व मकरक बकरक कल रलक जलयत और गतलल-गललज ककयत तथत लतठल- डणडक व ललहल कक रतड रल गतरत-पलरत। जब वह वतपस आ रहत थत, कवपकलगण कक ओर सक आपजत करतक हहए यह तकर पसतमत ककयत गयत हह कक समकमत कम मतर सनन 2017 मट कक ०एन०आई०पल०एस०एस० समलततनपमर मट बल०एस०सल० एगलकलवर कत छतत थत तथत वहह पर कमरत ककरतयक पर लककर कनवतस करतत थत। कदनतपक 07-08-2017 कल बल०एस०सल० एगलकलचर कदतलय वरर कत पहलकरकल परलकत थल, जजसमट समकमत कम मतर शतकमल थत, कक सपबपध मट एगलकलचर फह कलरल नक पमतण पत जलखकर कदयत हह, जल पततवलल मट शतकमल हह। अतछ अकभयमक कत नतम वतदल दतरत रपजजशन जलखतयत गयत हह। कक वल गवतहह कक आधतर पर अकभयमक कल घरनत मट शतकमल नहह मतनत जत सकतत, जबकक जजरह मट ऐसत कलई कथन गवतह नक नहह ककयत हह कक घरनत सथल पर समकमत मलजसद रहत हल। कवरद पककरत ककयत हह और आरलप समकमत कक पततवलल कक अवललकन सक यह तथय सपष हलतत हह कक कववकचक दतरत बतद कववकचनत आरलप पत कक वल अकभयमक मनलज कम मतर पतणडकय कक कवरद नतमजदगल गलत पतयल गई हह। मसल पततवलल पर कवरलचक दतरत सपकजलत अकभलकख कवभतगतधयक कक कर सपकतय K.N.I.P.S.S. समलततनपमर कक आखयत सपलन हह, जजसमट कजथत आरलपल समकमत कम मतर पतणडकय कल बल०एस०सल० कक कर कत छतत हलनत दशतरयत गयत हह और उसकक उपलसथकत घरनत कदनतपक 07-08-2017 बजक तक सपसथत मट रहल हह और सपसथत कक दसरल जहतह पर आरलपल समकमत ककरतयक कक मकतन मट रहतत थत, 6 ककमल० हह। जबकक घरनत सथल सक समलततनपमर कक दसरल 80-85 ककमल० हलनत दकशरत ककयत गयत हह। इतनल दसरल कल घरनत सथल पर तय करकक पहह हचनत सपभव पतलत नहह हलतत हह। अतछ इससक यह सपष हलतत हह कक अकभयमक घरनत सथल पर घरनत कक समय उपलसथत नहह थत। आरलपल समकमत कम मतर कत नतम रपजजशन जलखतयत गयत पतलत हलतत हह, जहसत कक वतदल दतरत अपनक अकभकथनह मट रपजजशन मतमलत हलनत कहत गयत हह। कल 3 अतछ उभयपक कक तकर समननक तथत पततवलल पर उपलबध समपसणर सतकय कत अवललकन करनक कक उपरतनत नयतयतलय कत मत हह कक अकभयमक समकमत कल अनतगरत धतरत-319 ८०प०स० मट तलब ककयत जतनत ककसल भल पकतर सक नयतयलकचत पतलत नहह हलतत हह, ख अनतगरत धतरत-319 ८०प०सप० बलहलन हलनक कक कतरण कनरसत ककयक जतनक यलगय हह। तदनमसतर पतथरनत पत 38 आदकश अकभयलजन दतरत पसतमत पतथरनत पत 38 वतसतक शकर सतकय कदनतपक-17-10-2024 ख अनतगरत धतरत-319 कल पकश हल।" ८०प०सप० कनरसत ककयत जततत हह। वतद From perusal of the order, it is evident that on the date of the incident, accused Sumit was found attending an examination at KNIPSS, Sultanpur. The certificate issued by the institution’s faculty was duly considered by the lower court. During arguments, the revisionist did not dispute Sumit’s presence at the practical examination, however, the complainant alleges that after completing the examination at 3:00 pm, Sumit traveled to the place of the incident and committed the alleged offence. On due consideration to the submissions advanced as well as perusal of the record, so also the admitted case of the prosecution that there was enmity between the parties; presence of opposite party no. 2 at KNIPSS, Sultanpur is undisputed and distance from the place of occurrence and the institute i.e. KNIPSS, Sultanpur, I am of the view that the lower Court below has rightly opined that name of accused/opposite party no. 2 appears to have been dragged by the revisionist due to enmity and thus has passed the impugned order and rejected the application under Section 319 Cr.P.C. filed by the revisionist. I find no illegality in the impugned order. The revision is devoid of merits and is accordingly dismissed. Order Date :- 2.1.2025 R.C.